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नबरंगपुर

नबरंगपुर में वन आधारित आजीविका से महिलाओं को सशक्त बना रहा ‘सुलभा’ कार्यक्रम महिला उत्पादक कंपनियों के माध्यम से सशक्तिकरण और ग्रामीण समृद्धि को मिल रहा नया आयाम

PNS Bureau,10 Nov,2025 :- ओडिशा सरकार के मिशन शक्ति विभाग एवं इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस (ISB) के भारती इंस्टिट्यूट ऑफ पब्लिक पॉलिसी के संयुक्त सहयोग से संचालित “सुलभा – वन आधारित आजीविका के माध्यम से महिला सशक्तिकरण एवं ग्रामीण समृद्धि” कार्यक्रम नबरंगपुर जिले में महिलाओं के आर्थिक उत्थान की नई मिसाल बन रहा है।

इस पहल के अंतर्गत महिलाओं को महिला उत्पादक कंपनियों (Producer Companies) के रूप में संगठित कर उन्हें वन उत्पादों के व्यवसाय से जोड़ा गया है। कार्यक्रम ओडिशा के छह जिलों—मलकानगिरी, कोरापुट, नबरंगपुर, रायगड़ा, केओंझर एवं मयूरभंज—में संचालित हो रहा है। अब तक राज्य में 30 महिला उत्पादक कंपनियों का गठन किया जा चुका है, जिनमें से 24 पंजीकृत हो चुकी हैं और 9 कंपनियाँ व्यावसायिक गतिविधियाँ शुरू कर चुकी हैं।

नबरंगपुर जिले की उपलब्धियाँ
नबरंगपुर में अब तक 4 ग्रीन शक्ति उत्पादक कंपनियों का पंजीकरण हो चुका है। इन कंपनियों द्वारा 12,167 किलोग्राम साल बीज का विपणन किया गया, जिससे कुल ₹3,45,542.80 का राजस्व प्राप्त हुआ।
साथ ही 312 प्राथमिक संग्राहकों को ₹77,010.50 की श्रम लाभ राशि वितरित की गई, जिससे उन्हें उनके वन उत्पादों का उचित मूल्य सुनिश्चित हुआ।

महिला नेतृत्व और क्षमता निर्माण
सुलभा पहल के तहत राज्य एवं क्षेत्रीय स्तर पर कई क्षमता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें महिलाओं को व्यवसाय प्रबंधन, वित्तीय साक्षरता, डिजिटल रिकॉर्ड-कीपिंग, बाजार संपर्क और सतत संसाधन प्रबंधन का प्रशिक्षण दिया गया। इससे महिलाएं अब वन संग्राहकों से उद्यमी बनने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।

राज्य की वन अर्थव्यवस्था को नया बल
नबरंगपुर अपनी समृद्ध जैव विविधता, मजबूत स्वयं सहायता समूह नेटवर्क और सक्रिय प्रशासन के कारण महिला आधारित वन उद्यमों के विस्तार के लिए अत्यंत अनुकूल जिला बनकर उभर रहा है। सुलभा पहल के माध्यम से जिले को ओडिशा की उभरती हुई वन आधारित अर्थव्यवस्था का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में ठोस प्रयास किए जा रहे हैं।

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